Uttarakhand में राशन कार्ड व्यवस्था को और पारदर्शी व तकनीकी रूप से सशक्त बनाने के लिए बड़ा कदम उठाया गया है। राज्य सरकार 26 फरवरी से 7 मार्च तक लगभग 24 लाख राशन कार्डों को एक केंद्रीकृत प्रबंधन प्रणाली (Centralized Portal) पर शिफ्ट कर रही है।

खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति विभाग के अनुसार, इस बदलाव का उद्देश्य सार्वजनिक वितरण प्रणाली (PDS) को अधिक प्रभावी, पारदर्शी और डिजिटल रूप से एकीकृत बनाना है।

ऑनलाइन सेवाएं रहेंगी बंद

पोर्टल माइग्रेशन प्रक्रिया के दौरान राशन कार्ड से जुड़ी ऑनलाइन सेवाएं—जैसे नया कार्ड आवेदन, नाम जोड़ना/हटाना, पता परिवर्तन और अन्य संशोधन—अस्थायी रूप से बंद रहेंगी। विभाग ने नागरिकों से अपील की है कि वे इस अवधि में आवश्यक कार्यों की योजना पहले से बना लें।

क्या होगा फायदा?

  • डेटा का केंद्रीकरण और बेहतर निगरानी
  • फर्जी या डुप्लीकेट राशन कार्डों पर रोक
  • लाभार्थियों को समय पर अनाज वितरण
  • डिजिटल सत्यापन और आधार लिंकिंग में सुविधा

अधिकारियों का कहना है कि नई प्रणाली लागू होने के बाद राशन वितरण प्रक्रिया अधिक सुगम और पारदर्शी होगी।

नागरिकों के लिए सलाह

विभाग ने स्पष्ट किया है कि जिन लाभार्थियों को राशन प्राप्त करना है, उनके नियमित वितरण पर कोई असर नहीं पड़ेगा। केवल ऑनलाइन पोर्टल से जुड़ी सेवाएं अस्थायी रूप से प्रभावित रहेंगी।

सरकार ने भरोसा दिलाया है कि 7 मार्च के बाद सभी सेवाएं सामान्य रूप से बहाल कर दी जाएंगी।