11 अगस्त 1897 को लंदन के ईस्ट डुलविच में एनिड मैरी ब्लाइटन का जन्म हुआ। एनिड ब्लाइटन बच्चों की किताबें लिखने वाली एक बेहद मशहूर अंग्रेज लेखिका और बच्चों के साहित्य की दुनिया में वह अब तक की सबसे ज्यादा बिकने वाली लेखिकाओं में से एक बनीं। 1930 के दशक से ही ब्लाइटन की किताबें दुनिया भर में बहुत बिकी हैं, जिनकी 60 करोड़ से ज्यादा प्रतियाँ बिकी हैं और इनका 90 से अधिक भाषाओं में अनुवाद हुआ, जून 2019 तक, ब्लाइटन चौथी सबसे ज्यादा अनुवादित लेखिका थीं। उन्होंने शिक्षा, प्राकृतिक इतिहास, फैंटेसी, रहस्य और बाइबिल की कहानियों जैसे कई विषयों पर विपुल लेखन किया। उन्हें मुख्य रूप से नॉडी, द फेमस फाइव, सीक्रेट सेवन, द फाइव फाइंड-आउटर्स और मैलोरी टावर्स जैसी किताबों के लिए याद किया जाता है। एनिड ब्लाइटन उन्होंने सेंट क्लेयर्स, द नॉटीएस्ट गर्ल और द फारावे ट्री सीरीज जैसी कई अन्य किताबें भी लिखीं।
एनिड ब्लाइटन की पहली किताब चाइल्ड विस्पर्स थी, यह 1922 में प्रकाशित कविताओं का 24 पन्नों का संग्रह थी। एडवेंचर्स ऑफ द विशिंग-चेयर (1937) और द एनचेंटेड वुड (1939) जैसे शुरुआती उपन्यासों की व्यावसायिक सफलता के बाद ब्लाइटन ने एक साहित्यिक साम्राज्य खड़ा किया। एनिड ब्लाइटन ने पत्रिकाओं और अखबारों में लगातार लिखने के अलावा एक साल में पचास किताबें भी लिखीं। उनका लेखन बिना किसी योजना के होता था और कहते हैं कि यादातर उनके अवचेतन मन से निकलता था। जैसे-जैसे घटनाएँ उनके सामने घटती थीं, वह अपनी कहानियाँ टाइप करती जाती थीं।
एनिड ब्लाइटन के काम की भारी मात्रा और उसे लिखने की तेजी को देखकर ऐसी अफवाहें उड़ीं कि ब्लाइटन घोस्ट राइटर्स (दूसरे लेखकों) की एक फौज से काम करवाती थीं, इस आरोप का उन्होंने जोरदार खंडन किया। मनोवैज्ञानिक पीटर मैककेलर को लिखे एक पत्र में, ब्लाइटन ने अपने लिखने के तरीके के बारे में बताया, मैं कुछ मिनटों के लिए अपनी आँखें बंद कर लेती हूँ, मेरा पोर्टेबल टाइपराइटर मेरे घुटनों पर होता है, मैं अपने दिमाग को बिल्कुल खाली कर लेती हूँ और इंतजार करती हूँ, और फिर, जैसे मैं असली बच्चों को साफ-साफ देख सकती हूँ, वैसे ही मेरे किरदार मेरे दिमाग की आँखों के सामने खड़े हो जाते हैं, पहला वाक्य सीधे मेरे दिमाग में आता है, मुझे उसके बारे में सोचना नहीं पड़ता, मुझे किसी भी चीज के बारे में सोचना नहीं पड़ता। ए. एच. थॉमसन ने यूनाइटेड किंगडम की पब्लिक लाइब्रेरी में सेंसरशिप की कोशिशों का एक बड़ा ब्यौरा तैयार किया था। उन्होंने द एनिड ब्लाइटन अफेयर्स नाम से एक पूरा चैप्टर लिखा और 1975 में एनिड ब्लाइटन के बारे में कहा, पिछले तीस सालों में किसी भी लेखक ने लाइब्रेरियन, साहित्य समीक्षकों, शिक्षकों, दूसरे शिक्षाविदों और माता-पिता के बीच एनिड ब्लाइटन से ज्यादा विवाद पैदा नहीं किया है। बच्चों के लिए इतनी मशहूर लेखिका #EnidBlyton की किताबों की वजह से ऑस्ट्रेलिया, न्यूजीलैंड और यूनाइटेड किंगडम में लाइब्रेरियन पर सेंसरशिप के आरोप क्यों लगे?
यहां पेश हैं एनिड ब्लाइटन के कुछ प्रेरक, मनोरंजक और विचारणीय उद्धरण एवं उनके साहित्य से कुछ संवाद
दिन भी कितना प्यारा था, आसमान और समंदर कितने नीले थे। वे खाते-पीते हुए समंदर को देख रहे थे, लहरों को पुराने मलबे के आगे चट्टानों से टकराकर फुहारों में बदलते हुए देख रहे थे।
मैं छतों को एक्सप्लोर करने में माहिर हूँ। कभी पता नहीं चलता कि ऐसी चीजें कब काम आ जाएँ।
मुश्किलों से निपटने का सबसे अच्छा तरीका है उन्हें आगे बढ़ने की सीढ़ी बनाना। उन पर हँसो, उन्हें पार करो और उन्हें तुम्हें किसी बेहतर चीज की ओर ले जाने दो।
किसी के लिए कुछ छोड़ो, लेकिन किसी चीज के लिए किसी इंसान को मत छोड़ो।
अगर आप अपनी देखरेख में रखी किसी चीज का ध्यान नहीं रख सकते, तो उसे अपने पास रखने का आपको कोई हक नहीं है।
तुम अपनी मुश्किलों से भागने की कोशिश कर रही हो, और मुश्किलों से कभी बचा नहीं जा सकता, कभी नहीं। उनका सामना करना पड़ता है और उनसे लड़ना पड़ता है।
मुझे लगता है कि लोग बड़े होते हुए अपना चेहरा खुद बनाते हैं।
मुझे हैरानी है कि तुम्हें यह ख्याल कहाँ से आया? मेरा मतलब है, यह सोचना कि एक बार मन बना लेने के बाद उसे बदलना कमजोरी है। यह गलत सोच है, पता है? बेशक, चीजों के बारे में अपना मन बनाओ, लेकिन अगर कुछ ऐसा हो जिससे पता चले कि तुम गलत हो, तो मन न बदलना कमजोरी है, एलिजाबेथ। सिर्फ सबसे मजबूत लोगों में ही अपना मन बदलने और उसे कहने की हिम्मत होती है, अगर उन्हें लगे कि वे अपनी सोच में गलत थे।
प्यार पाने से कहीं ज्यादा आसान है नफरत पाना और उससे छुटकारा पाना कहीं ज्यादा मुश्किल।
मैं ऐसी चीजों में यकीन नहीं करती परियाँ या बौने या जादू या कुछ भी। यह सब पुराने जमाने की बातें हैं।
तो फिर हम जरूर पुराने जमाने के लोग होंगे, बेसी ने कहा। क्योंकि हम न सिर्फ फारावे ट्री में यकीन करते हैं और वहाँ के अपने मजेदार दोस्तों से प्यार करते हैं, बल्कि हम उनसे मिलने भी जाते हैं और हम पेड़ की चोटी पर मौजूद जगहों पर भी जाते हैं!
मुझे गर्मियों की छुट्टियों की शुरुआत बहुत पसंद है, जूलियन ने कहा। वे हमेशा बहुत लंबी लगती हैं, जैसे कभी खत्म ही नहीं होंगी।
शुरू में वे बहुत आराम से और धीरे-धीरे बीतती हैं, उसकी छोटी बहन ऐनी ने कहा। फिर वे तेजी से भागने लगती हैं।
पछतावा सहना बहुत मुश्किल होता है, पैम, यह इस जिंदगी की सबसे बुरी सजाओं में से एक है। जो तुमने किया है उसे न किया हुआ चाहना, यह चाहना कि तुम किसी ऐसे व्यक्ति के साथ अपनी बेरहमी के बजाय उसकी भलाई को याद कर सको जिसे तुम प्यार करते हो यह बहुत भयानक बात है।
बात यह नहीं है कि बुरे लोगों को देखते ही मैं उन्हें पहचान नहीं पाती, मैं मानती हूँ कि मैं उनके धोखे में आ सकती हूँ बात यह है कि जब मैं किसी अच्छे इंसान को देखती हूँ तो उसे पहचान लेती हूँ। तुम स्वभाव से इतने ईमानदार हो कि खुद को साफ-साफ देख और परख सकते हो और यह बहुत अच्छी बात है। बॉबी, अपनी यह ईमानदारी कभी मत खोना हमेशा खुद के प्रति ईमानदार रहो, अपने इरादों को समझो, चाहे वे अच्छे हों या बुरे, अपने फैसले मजबूती और सही ढंग से लो और तुम एक बेहतरीन, मजबूत इंसान बनोगे, जो हमारी इस उलझी हुई दुनिया में सच में किसी काम का होगा!
दीना ने कहा, तुम जानते ही हो कि बड़े लोग कैसे होते हैं। वे हमारी तरह नहीं सोचते। मुझे लगता है कि जब हम बड़े हो जाएँगे, तो हम भी उन्हीं की तरह सोचेंगे लेकिन उम्मीद है कि हमें याद रहेगा कि बच्चे किस तरह सोचते हैं, और जब हम बड़े हो जाएँगे तो उन लड़कों और लड़कियों को समझ पाएँगे जो तब बड़े हो रहे होंगे।
जब आपको कोई काम करने के पैसे मिलते हैं, तो उस काम में कुछ मिनट कम देने के बजाय कुछ मिनट ज्यादा देना बेहतर होता है। ईमानदारी और बेईमानी से काम करने में यही तो फर्क है! समझे?
माएँ बहुत तेज होती थीं। वे कुत्तों जैसी होती थीं। बस्टर को हमेशा पता चल जाता था कि कुछ असामान्य हो रहा है, और माओं को भी। माओं और कुत्तों, दोनों में एक तरह की छठी इंद्रिय होती थी जिससे वे लोगों के मन की बात जान लेती थीं और उन्हें पता चल जाता था कि कुछ असामान्य हो रहा है।
बड़ों से लड़ना-झगड़ना बेकार था। वे वही करते थे जो उन्हें पसंद होता था।
वे हीदर के फूलों वाले बिस्तर पर लेटे थे और रात की आवाजें सुन रहे थे। उन्होंने पास से गुजरते हुए एक हेजहॉग की हल्की सी आवाज सुनी। उन्होंने ऊपर उड़ते चमगादड़ों को देखा। उन्हें हनीसकल की महक और अपने शरीर के नीचे कुचली हुई जंगली थाइम की जबरदस्त खुशबू आ रही थी। नीचे सरकंडों के बीच एक रीड-वॉबलर ने एक प्यारा सा छोटा सा गाना गाया, और फिर दूसरे ने उसका जवाब दिया।
जरूरी नहीं कि रिंग के बाहर भी क्लाउन वैसा ही हो जैसा वह रिंग के अंदर होता है। अगर आप क्लाउन की तस्वीरें देखें जब वे आम इंसान होते हैं, तो उनके चेहरे काफी उदास दिखते हैं।
इधर आओ मिस्टर पॉट्स, तुम छोटे बेवकूफ!
मून-फेस ने कहा, अच्छा, वापस आओ और हमारे साथ चाय पियो। सिल्की के पास कुछ पॉप बिस्कुट हैं, और मैंने कुछ गूगल बन्स बनाए हैं। मैं उन्हें अक्सर नहीं बनाती, और सच कहूँ तो वे बहुत मजेदार होते हैं!
हर मोड़ पर एक इंद्रधनुष होता है, यह एक जानी-मानी कहावत है और माना जाता है कि यह नकारात्मक सोच वाले लोगों को सकारात्मक बनाती है।
क्या आपको लगता है कि अगर कोई अचानक कोई बहादुरी का काम करता है, तो वह कभी कोई बुरा काम नहीं कर सकता? आप गलत हैं। हम सभी में अच्छाई और बुराई दोनों होती हैं, और हमें हमेशा कोशिश करनी चाहिए कि अच्छाई बुराई पर हावी हो जाए। हम कभी भी एकदम सही नहीं हो सकते हम सभी कभी-कभी बुरे या गलत काम करते हैं लेकिन हम बाद में कुछ अच्छा करके अपनी गलती सुधारने की कोशिश तो कर ही सकते हैं।
चीजों को असलियत में देखने के लिए ठंडे पानी की बाल्टी से नहलाए जाने जैसा कुछ नहीं है!
एलिजाबेथ ने सोचा, आप लोगों के बारे में कभी कुछ पक्का नहीं कह सकते। आपको लगता है कि अगर कोई डरपोक है तो वह हमेशा डरपोक ही रहेगा, या अगर कोई बुरा है तो वह हमेशा बुरा ही रहेगा। लेकिन अगर उनके साथ सही बर्ताव किया जाए, तो वे बहुत तेजी से बदल सकते हैं।
जिमी ने चाहत भरी आवाज में कहा, काश मैं किसी कारवां में रहता! ऐसे घर में रहना कितना अच्छा होगा जिसमें पहिए हों और जो गलियों और कस्बों से गुजर सके, और रात में खेतों में खड़ा हो सके! -एनिड ब्लाइटन
Inspiring and entertaining quotes from Enid Blyton, famous English author who wrote prolifically for children