
7 सितंबर 1909 को फेनर, कॉन्स्टेंटिनोपल, तुर्की में एलिया काजान (एलियास कजांतजोग्लू) का जन्म हुआ। एलिया कजान प्रसिद्ध ग्रीक-अमेरिकी फिल्म और थिएटर निर्देशक, निर्माता, पटकथा लेखक और अभिनेता बने। प्रतिष्ठित अमेरिकी अखबार द न्यू यॉर्क टाइम्स ने एलिया काजान को ब्रॉडवे और हॉलीवुड के इतिहास के सबसे सम्मानित और प्रभावशाली निर्देशकों में से एक बताया था। कैपाडोकियन ग्रीक माता-पिता के घर कॉन्स्टेंटिनोपल (अब इस्तांबुल) में जन्मे एलिया कजान का परिवार 1913 में अमेरिका चला गया। विलियम्स कॉलेज और फिर येल स्कूल ऑफ ड्रामा में पढ़ाई करने के बाद उन्होंने आठ साल तक प्रोफेशनल तौर पर एक्टिंग कीय बाद में 1932 में वे ग्रुप थिएटर से जुड़े और 1947 में एक्टर्स स्टूडियो की सह-स्थापना की। रॉबर्ट लुईस और शेरिल क्रॉफर्ड के साथ मिलकर, उनके एक्टर्स स्टूडियो ने ली स्ट्रैसबर्ग के निर्देशन में ष्मेथड एक्टिंगष् की शुरुआत की। #EliaKazan ने कुछ फिल्मों में एक्टिंग भी की, जिनमें सिटी फॉर कॉन्क्वेस्ट शामिल है।
निर्देशक और पटकथाकार के रूप में एलिया काजान की खास सराहना की जाती है। काजान ने ऐसे विषय चुने जिनसे वे अच्छी तरह वाकिफ थे, ताकि वे निजी और सामाजिक घटनाओं को दिखा सकें। किसी प्रोजेक्ट पर काम शुरू करने से पहले अपनी सोच के बारे में उन्होंने कहा, जब तक मुझे कहानी के मूल विषय से कोई जुड़ाव या सहानुभूति महसूस नहीं होती, मैं आगे नहीं बढ़ता। किसी न किसी तरह, फिल्म का विषय मेरी अपनी जिंदगी से भी जुड़ा होना चाहिए। मैं अपनी सहज समझ या अंतज्र्ञान से शुरुआत करता हूँ। ईस्ट ऑफ ईडन फिल्म की बात करें तो यह असल में मेरे और मेरे पिता की कहानी है, और मुझे लंबे समय तक इसका एहसास ही नहीं हुआ। किसी न किसी तरह चाहे साफ तौर पर या छिपे हुए रूप में हर फिल्म आत्मकथात्मक होती है। फिल्म के मूल भाव में मेरी जिंदगी की कोई न कोई बात झलकती है। तब मैं उसे सिर्फ दिमागी तौर पर नहीं, बल्कि अपने अनुभव से समझता हूँ। मुझे यह महसूस होना चाहिए कि यह किसी न किसी तरह मेरे बारे में है, मेरे संघर्षों, मेरे दर्द और मेरी उम्मीदों के बारे में है। अपनी फिल्मों के लिए कलाकारों के चुनाव के बारे में एलिया काजान कहते हैं, अब मैं कोशिश करता हूँ कि उन्हें बहुत अच्छी तरह जानूँ। मैं उन्हें डिनर पर ले जाता हूँ। उनसे बात करता हूँ। उनकी पत्नियों से मिलता हूँ। मैं यह समझने की कोशिश करता हूँ कि असल में वे किस तरह के इंसान हैं जिनके साथ मुझे काम करना है, ताकि जब मैं किसी अनजान व्यक्ति को लूँ, तो वह मेरे लिए अनजान न रहे।
एलिया काजान ने लोकतंत्र के लिए दुनिया के एक मॉडल के तौर पर अमेरिका की भूमिका के बारे में भी अपनी राय रखी। मुझे लगता है कि आप, मैं और हम सभी का अमेरिका से कोई न कोई जुड़ाव है। अगर यह नाकाम होता है तो यह हम सबकी नाकामी होगी। पूरी इंसानियत की नाकामी। इसका खामियाजा हम सबको भुगतना पड़ेगा। मैं अमेरिका को एक ऐसे देश के तौर पर देखता हूँ जो एक अखाड़ा है और उस अखाड़े में एक नाटक चल रहा है। मैंने देखा है कि यह संघर्ष आजाद लोगों का संघर्ष है। एलिया काजान ने सामाजिक विषय तो उठाए लेकिन कम्युनिज्म का विरोध किया।
यहां प्रस्तुत हैं एलिया काजान के कुछ पठनीय, विचारणीय उद्धरण
असली चुनौती सिर्फ जिंदा रहना नहीं है। अरे, कोई भी ऐसा कर सकता है। चुनौती है अपने आप को, बिना किसी कमी के, जिंदा रखना।
जिसे मुश्किल फैसला कहा जाता है, वो मुश्किल फैसला ही होता है क्योंकि आप चाहे जिस भी रास्ते पर जाएँ, उसके नतीजे भुगतने होंगे।
मेरा मानना है कि हासिल करने लायक हर चीज किसी की क्षमता से परे होती है या पहली नजर में ऐसा लगता है। बात है लगे रहना, पीछे न हटना, अपनी लड़ाई लड़ना, अपना कर्ज चुकाना और आगे बढ़ते रहना। बस कोशिश ही सब कुछ है जारी रखो और हर हाल में तुम वहाँ पहुँच सकते हो।
हर किरदार में, खासकर अपने नायकों और खलनायकों में, विरोधाभास ढूँढ़ो। किसी को भी वैसा नहीं होना चाहिए जैसा वह पहली नजर में दिखता है। आश्चर्य दर्शकों के लिए।
आज हमारी जरूरत जानकारी की नहीं, बल्कि आश्चर्य की है।
एक निर्देशक को जिस आखिरी चीज की जरूरत होती है, वह है, मैं गलत हूँ या मैं गलत था, कहने की क्षमता। सुनने में जितना आसान लगता है, उतना आसान नहीं है। लेकिन कई परिस्थितियों में, ईमानदारी से कहे गए ये तीन शब्द काम आ सकते हैं।
कैमरा सिर्फ एक रिकॉर्डर नहीं, बल्कि एक माइक्रोस्कोप है। यह लोगों के अंदर तक जाता है, उनके भीतर जाता है और आप उनके सबसे निजी और छिपे हुए विचारों को देख पाते हैं।
हर सफल तस्वीर में एक छोटा सा चमत्कार छिपा होता है।
लेखक, जब वह एक कलाकार भी होता है, तो वह ऐसा व्यक्ति होता है जो वह स्वीकार करता है जिसे दूसरे प्रकट करने की हिम्मत नहीं करते।
एक लेखक की आत्ममुग्धता को कभी कम मत आँकिए।
एक निर्देशक की बात मानिए, अगर आपको सैंडी मीस्नर द्वारा प्रशिक्षित कोई अभिनेता मिल जाए, तो आप धन्य हैं।
कम्युनिस्ट पार्टी का सदस्य होना पुलिस राज्य का अनुभव लेने जैसा है। यह एक हल्का-फुल्का स्वाद है, लेकिन यह कड़वा और अविस्मरणीय है।
मंच का सार एकाग्रता और गहनता है। स्क्रीन पर एक्शन, मूवमेंट, स्वीप का।
आपको लड़ते रहना होगा, जिंदा रहने के लिए आपको हर छह महीने में अपनी जान जोखिम में डालनी होगी।
मैं शांति को भी महत्व देता हूँ, जब वह बुनियादी शिष्टाचार की कीमत पर न खरीदी जाए।
मैं पैदा हुआ था तुर्की में, नरसंहारों के समय, एक बेहद दमनकारी माहौल में, सचमुच। एक अप्रवासी आजादी की ज्यादा कद्र करता है।
मैं अपना ज्यादातर समय एक अच्छा इंसान बनने की कोशिश में बिताता था ताकि लोग मुझे पसंद करें।
मैंने अपना जीवन ग्रुप थिएटर को समर्पित कर दिया, क्योंकि इसमें मैं अपने लिए कुछ बना रहा हूँ। मैं जो बनाता हूँ, वही मैं हूँ।
मैंने बिना किसी विरोध के डर के बात की। मुझे आत्म-संदेह का बिल्कुल भी सामना नहीं करना पड़ा।
मैं छोटा जरूर हूँ, लेकिन न तो आज्ञाकारी हूँ और न ही सहमत।
मैं हमेशा से ही एक संकोची व्यक्ति रहा हूँ।
फिल्मों के साथ बात यह है कि आपको कुछ ऐसा बनाना होता है जो लोगों को उनके घरों से, टीवी सेट से दूर ले जाए। आपको लोगों को छूना होगा, कुछ कहना होगा। वरना, वे घर पर ही रहेंगे।
मैंने टेनेसी से कहा, यह मार्लन ब्रैंडो शो बनता जा रहा है।
मुझे लगता है कि अभिनेता होना एक सौभाग्य की बात है। -एलिया काजान
Thought-provoking quote by Elia Kazan, the Greek-American theatre and film director, producer, and screenwriter
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Inspiring and thought-provoking quotes from the American electrical engineer, entrepreneur, and administrator David Packard

